चैटजीपीटी को सब्सक्राइबर बढ़ने से घाटा?
नई दिल्ली । आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एआईचैटवाट के सब्सक्राइबर तेजी के साथ बढ़ रहे हैं। उसी तेजी के साथ कंपनी का घाटा भी बढ़ रहा है। कंपनी के सह संस्थापक सैम आलटमैन का कहना है। सब्सक्राइबर बढ़ाने के कारण कंपनी को नुकसान हो रहा है। चैट जीटीपी का सालाना सब्सक्राइबर शुल्क भारत में करीब 17000 रुपए प्रति वर्ष है। भारत में तेजी के साथ सब्सक्राइबर बढ़ रहे हैं। जिसके कारण चैट जीपीटी कंपनी की लागत बढ़ती चली जा रही है। ग्राहकों को प्रीमियम सुविधा देने के लिए ओपन एआई की कंप्यूटिंग लागत पर कंपनी को ज्यादा खर्च करना पड़ रहा है। कंपनी के इस बयान के बाद ऐसा लग रहा है कि कंपनी भारत में अपना शुल्क बढ़ाने की तैयारी कर रही है। भविष्य में सालाना सब्सक्रिप्शन और भी महंगा हो सकता है।

राशिफल: जानिए, कैसा रहेगा आपका आज का दिन (16 फ़रवरी 2026)
श्रद्धा और आस्था का प्रमुख केंद्र है बाबा धाम: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय
जाज्वल्यदेव लोक महोत्सव एवं एग्रीटेक कृषि मेला 2026 का भव्य समापन
सरगुजा ओलंपिक के जिला स्तरीय आयोजनों में 10,577 खिलाड़ियों ने की भागीदारी
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल के प्राचीन बड़वाले महादेव मंदिर पहुंचकर की पूजा-अर्चना
लोकसंगीत और बॉलीवुड सुरों से सजा मैनपाट महोत्सव का दूसरा दिन
सुकमा कलेक्टर ने दोरनापाल में योजनाओं की स्थिति देखी
मधुमक्खी पालन से स्व-सहायता समूह की आय में वृद्धि